Tractor Sales in 2025-26: भारतीय ट्रैक्टर उद्योग ने वित्त वर्ष 2025-26 में इतिहास रच दिया है। पहली बार एक ही वित्त वर्ष में घरेलू ट्रैक्टर बिक्री 10 लाख यूनिट का ऐतिहासिक आंकड़ा पार कर गई है। ट्रैक्टर और यंत्रीकरण संघ यानी TMA के ताजा आंकड़ों के अनुसार वित्त वर्ष के पहले 11 महीनों में 10,57,038 ट्रैक्टरों की होलसेल बिक्री हुई जो पिछले वर्ष की 8,59,767 यूनिट की तुलना में 23 प्रतिशत अधिक है। मार्च 2026 का महीना अभी बाकी है इसलिए अंतिम आंकड़े और भी ऊंचे होने की उम्मीद है।
Tractor Sales in 2025-26: भारतीय ट्रैक्टर उद्योग FY26 – ऐतिहासिक आंकड़े एक नजर में
| विवरण | आंकड़ा |
|---|---|
| वित्त वर्ष | 2025-26 (FY26) |
| 11 महीनों की होलसेल बिक्री | 10,57,038 यूनिट |
| पिछले वर्ष की बिक्री (11 माह) | 8,59,767 यूनिट |
| वार्षिक वृद्धि दर | 23 प्रतिशत |
| पहली बार | 10 लाख यूनिट का आंकड़ा पार |
| स्रोत | TMA (ट्रैक्टर और यंत्रीकरण संघ) |
| मार्च 2026 | अभी बाकी है, आंकड़ा और बढ़ेगा |
| निर्यात | पहली बार 1 लाख यूनिट पार होने के आसार |
Tractor Sales in 2025-26: भारतीय ट्रैक्टर उद्योग में 23% वृद्धि के 3 मुख्य कारण
भारतीय ट्रैक्टर उद्योग में यह रिकॉर्ड बिक्री तीन महत्वपूर्ण कारणों से संभव हुई है।
पहला और सबसे अहम कारण है GST में कटौती। सरकार ने ट्रैक्टरों पर GST 12 प्रतिशत से घटाकर 5 प्रतिशत कर दिया। इस कटौती ने ट्रैक्टर को किसानों के लिए बहुत अधिक किफायती बना दिया। अब एक ट्रैक्टर खरीदने पर किसान को सात प्रतिशत यानी हजारों रुपये की सीधी बचत होती है।
दूसरा कारण है मानसून की सफलता। इस साल मानसून स्वस्थ और व्यापक रूप से फैला रहा जिससे खरीफ और रबी दोनों सीजन बेहतरीन रहे। जलाशय भर गए और किसानों का आत्मविश्वास बढ़ा। अच्छी फसल से किसानों की आमदनी बढ़ी और उन्होंने ट्रैक्टर खरीदने का फैसला किया।
तीसरा कारण है TREM V से पहले की खरीदारी। 1 अप्रैल 2026 से TREM V यानी सख्त उत्सर्जन मानक लागू होने वाले हैं जिससे ट्रैक्टरों की कीमतें 10 से 20 प्रतिशत तक बढ़ने का अनुमान है। इस कारण बड़ी संख्या में किसानों ने कीमत बढ़ने से पहले ही ट्रैक्टर खरीद लिया।
Tractor Sales in 2025-26: भारतीय ट्रैक्टर उद्योग – ब्रांडवार बिक्री की स्थिति FY26
| ब्रांड | बाजार में स्थिति | बाजार हिस्सेदारी |
|---|---|---|
| महिंद्रा ट्रैक्टर | नंबर 1 | लगभग 24% |
| स्वराज ट्रैक्टर | नंबर 2 | लगभग 19% |
| सोनालिका | नंबर 3 | लगभग 13% |
| Escorts Kubota | नंबर 4 | लगभग 11% |
| TAFE | नंबर 5 | लगभग 10% |
| अन्य ब्रांड | नंबर 6 और आगे | बाकी हिस्सा |
शीर्ष पांच ब्रांड मिलकर कुल बिक्री का लगभग 77 से 80 प्रतिशत हिस्सा नियंत्रित करते हैं।
Tractor Sales in 2025-26: TREM V क्या है और ट्रैक्टर की कीमतों पर क्या होगा असर
भारतीय ट्रैक्टर उद्योग पर TREM V का बड़ा असर पड़ने वाला है। TREM V यानी Tractor and Road-going vehicles Emission Measure Stage V एक नया उत्सर्जन मानक है।
1 अप्रैल 2026 से सभी नए ट्रैक्टरों को TREM V मानकों का पालन करना होगा। इन मानकों के लिए ट्रैक्टर में अतिरिक्त प्रदूषण नियंत्रण उपकरण लगाने होंगे जिससे निर्माण लागत बढ़ेगी।
| पहलू | विवरण |
|---|---|
| नाम | TREM V (Tractor Emission Stage 5) |
| लागू होने की तारीख | 1 अप्रैल 2026 |
| कीमत वृद्धि अनुमान | 10 से 20 प्रतिशत |
| कारण | अतिरिक्त उत्सर्जन नियंत्रण उपकरण |
| पुराने TREM स्तर | TREM IIIB से TREM V |
| प्रभाव | सभी HP श्रेणियों पर |
जो किसान अभी ट्रैक्टर खरीदते हैं उन्हें पुरानी दर पर TREM IIIB मानक का ट्रैक्टर मिलेगा और 1 अप्रैल के बाद कीमत बढ़ोतरी से बच सकते हैं।
Tractor Sales in 2025-26: निर्यात में भी ऐतिहासिक उछाल
भारतीय ट्रैक्टर उद्योग केवल घरेलू बाजार में ही नहीं बल्कि निर्यात में भी रिकॉर्ड तोड़ने की राह पर है।
FY26 में ट्रैक्टर निर्यात भी पहली बार 1 लाख यूनिट का आंकड़ा पार करने के आसार हैं। भारतीय ट्रैक्टर की मांग अफ्रीका, दक्षिण एशिया, दक्षिण पूर्व एशिया और अमेरिका जैसे बाजारों में तेजी से बढ़ रही है।
महिंद्रा, Escorts और TAFE जैसी कंपनियां विशेष रूप से निर्यात पर ध्यान दे रही हैं। भारत की किफायती और टिकाऊ ट्रैक्टर बनाने की क्षमता इसे वैश्विक बाजार में प्रतिस्पर्धी बनाती है।
Tractor Sales in 2025-26: किसानों में हाई HP ट्रैक्टर की बढ़ती मांग
भारतीय ट्रैक्टर उद्योग में एक महत्वपूर्ण बदलाव यह है कि किसान अब अधिक HP वाले ट्रैक्टर की तरफ बढ़ रहे हैं।
पहले 35 से 45 HP के ट्रैक्टर सबसे ज्यादा बिकते थे। अब 50 से 75 HP और इससे अधिक HP के ट्रैक्टरों की मांग तेजी से बढ़ रही है। इसकी वजह यह है कि किसान अब अधिक उन्नत कृषि उपकरण यानी implements चलाने के लिए ज्यादा शक्तिशाली ट्रैक्टर चाहते हैं।
| HP श्रेणी | मांग की प्रवृत्ति |
|---|---|
| 20-30 HP (मिनी ट्रैक्टर) | स्थिर |
| 31-40 HP | थोड़ी कमी |
| 41-50 HP | सबसे ज्यादा बिक्री |
| 51-60 HP | तेजी से बढ़ रही है |
| 61-75 HP | बढ़ रही है |
| 75+ HP (हेवी ड्यूटी) | बढ़ रही है |
Tractor Sales in 2025-26: भविष्य की संभावनाएं और चुनौतियां
भारतीय ट्रैक्टर उद्योग का भविष्य उज्ज्वल है लेकिन कुछ चुनौतियां भी सामने हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि FY27 में वृद्धि दर थोड़ी कम यानी मंद हो सकती है। इसका कारण यह है कि FY26 का आधार बहुत ऊंचा हो गया है और TREM V लागू होने के बाद शुरुआत में कीमतें बढ़ने से मांग पर असर पड़ सकता है।
लेकिन दीर्घकालिक संभावनाएं बेहद मजबूत हैं। ग्रामीण विकास पर सरकार का बड़ा फोकस, रिप्लेसमेंट डिमांड यानी पुराने ट्रैक्टरों की जगह नए ट्रैक्टर लेना और कृषि यंत्रीकरण की बढ़ती जरूरत यह सुनिश्चित करती है कि ट्रैक्टर उद्योग आने वाले वर्षों में मजबूत बना रहेगा।
कृषि यंत्रीकरण विशेषज्ञ सुरेश पटेल का कहना है कि FY26 भारतीय ट्रैक्टर उद्योग के इतिहास में एक मील का पत्थर है। 10 लाख यूनिट का आंकड़ा पार करना केवल एक संख्या नहीं है यह भारत के किसान की बढ़ती समृद्धि और आधुनिक खेती की ओर उनके बदलाव का प्रतीक है।
FAQ – भारतीय ट्रैक्टर उद्योग FY26 से जुड़े जरूरी सवाल (Tractor Sales in 2025-26)
सवाल: FY26 में भारत में कितने ट्रैक्टर बिके? जवाब: TMA के अनुसार FY26 के पहले 11 महीनों में 10,57,038 ट्रैक्टरों की होलसेल बिक्री हुई जो पिछले वर्ष की 8,59,767 यूनिट की तुलना में 23 प्रतिशत अधिक है। मार्च 2026 का महीना अभी बाकी है।
सवाल: ट्रैक्टर बिक्री में इतनी वृद्धि के क्या कारण हैं? जवाब: तीन मुख्य कारण हैं। पहला GST 12% से 5% होना, दूसरा अच्छा मानसून जिससे किसानों की आय बढ़ी और तीसरा TREM V उत्सर्जन मानक 1 अप्रैल 2026 से लागू होने से पहले की बड़े पैमाने पर खरीदारी।
सवाल: TREM V क्या है और ट्रैक्टर की कीमत पर इसका क्या असर होगा? जवाब: TREM V एक नया उत्सर्जन मानक है जो 1 अप्रैल 2026 से लागू होगा। इससे ट्रैक्टरों की कीमतें 10 से 20 प्रतिशत तक बढ़ सकती हैं। इसीलिए किसानों ने अभी से खरीदारी कर ली।
सवाल: FY27 में ट्रैक्टर बाजार कैसा रहेगा? जवाब: विशेषज्ञों का अनुमान है कि FY27 में वृद्धि दर थोड़ी मंद हो सकती है क्योंकि FY26 का आधार बहुत ऊंचा है और TREM V के बाद कीमतें बढ़ेंगी। लेकिन दीर्घकालिक संभावनाएं मजबूत बनी हुई हैं।
Tractor Sales in 2025-26: निष्कर्ष
भारतीय ट्रैक्टर उद्योग का FY26 में 10 लाख यूनिट का ऐतिहासिक आंकड़ा पार करना भारतीय कृषि और ग्रामीण अर्थव्यवस्था की शक्ति का प्रमाण है। GST कटौती, अच्छे मानसून और TREM V की पूर्व-खरीदारी ने मिलकर यह रिकॉर्ड संभव किया। ट्रैक्टर अब केवल एक खेती का उपकरण नहीं बल्कि भारत की आर्थिक वृद्धि का इंजन बन चुका है। अगर आप ट्रैक्टर खरीदने की सोच रहे हैं तो TREM V लागू होने से पहले यानी 31 मार्च 2026 से पहले खरीदना आर्थिक रूप से समझदारी का फैसला होगा।
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