भारत के ट्रैक्टर बाजार में नवंबर 2025 काफी सक्रिय रहा। इस दौरान लगभग सभी कंपनियों ने पिछले साल की तुलना में बेहतर बिक्री दर्ज की। रबी सीजन की अच्छी शुरुआत, मिट्टी में नमी और MSP संकेत बेहतर रहने से किसानों की खरीदी में इजाफा हुआ है। यही नहीं, ग्रामीण क्षेत्रों में वित्तीय स्थिति सुधारने से ट्रैक्टर की मांग बढ़ती दिखी।
सबसे ज्यादा बिक्री Mahindra & Mahindra (ट्रैक्टर डिविजन) ने की। नवंबर 2025 में कंपनी ने 31,938 यूनिट्स की बिक्री दर्ज की और 25.34% मार्केट शेयर के साथ टॉप पर रही। पिछले साल यह आंकड़ा 19,521 यूनिट था। महिंद्रा की ग्रामीण पकड़, हाई-HP ट्रैक्टर और मजबूत डीलर नेटवर्क ने इसे फिर से शीर्ष पर बनाए रखा।
महिंद्रा का Swaraj Division भी बाजार में दमदार प्रदर्शन कर रहा है। नवंबर में 23,220 यूनिट बिक्री के साथ स्वराज का मार्केट शेयर 18.42% रहा, जो पिछले साल 14,703 यूनिट था। किसानों के बीच स्वराज की विश्वसनीयता और बेहतर परफॉर्मेंस इसे लगातार आगे रख रही है।
International Tractors Limited (Sonalika) ने नवंबर में 15,742 यूनिट की बिक्री की और 12.49% मार्केट शेयर हासिल किया। हालांकि मार्केट शेयर पिछले साल 13.48% था, लेकिन बिक्री संख्या मजबूत है। सोनालिका की इंटरनेशनल मौजूदगी और नई तकनीक इसकी मजबूती दर्शाती है।
Escorts Kubota ने भी बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए नवंबर में 14,521 यूनिट बेचे, जबकि पिछले साल यह संख्या मात्र 7,399 यूनिट थी। कंपनी का मार्केट शेयर 11.52% रहा। Escorts की नई फाइनेंस स्कीम, मॉडल अपडेट और फोकस्ड मार्केटिंग स्ट्रेटेजी ग्रामीण बाजार में अच्छी पकड़ बना रही है।
TAFE Limited ने नवंबर में 13,559 यूनिट बेचे और 10.76% मार्केट शेयर हासिल किया। पिछले साल यह आंकड़ा 9,387 यूनिट था। मैसी फर्ग्यूसन ब्रांड की लोकप्रियता और मजबूत वितरण नेटवर्क इसका सबसे बड़ा आधार है।
John Deere India की बिक्री 9,584 यूनिट रही और मार्केट शेयर 7.60% दर्ज हुआ। पिछले साल कंपनी ने 5,959 यूनिट बेचे थे। जॉन डियर के हाई-HP मॉडल खेती के अलावा औद्योगिक कार्यों में भी तेजी से उपयोग हो रहे हैं, जिससे कंपनी को लगातार बढ़त मिल रही है।
Eicher Tractors ने इस महीने 7,027 यूनिट बेचे और मार्केट शेयर 5.58% रहा। पिछले साल बिक्री 5,560 यूनिट थी। बिक्री में वृद्धि होने के बावजूद मार्केट शेयर में थोड़ी कमी है, जो प्रतिस्पर्धा के बढ़ने का संकेत देता है।
CNH Industrial ने नवंबर 2025 में 5,784 यूनिट बेचे और 4.59% मार्केट शेयर दर्ज किया। पिछले साल कंपनी की बिक्री 3,104 यूनिट थी। नए मॉडल और तकनीकी सुधार ने कंपनी की स्थिति को काफी मजबूत किया है।
अन्य कंपनियों ने कुल 4,658 यूनिट बेचे, जबकि पिछले साल बिक्री 4,018 यूनिट थी।
नवंबर 2025 में कुल ट्रैक्टर उद्योग का वॉल्यूम 1,26,033 यूनिट रहा, जबकि पिछले साल यह आंकड़ा 80,507 यूनिट था। इससे पता चलता है कि ग्रामीण बाज़ार लगातार रिकवर कर रहा है और किसान मशीनरी पर निवेश बढ़ा रहे हैं।
इस शानदार बिक्री वृद्धि के पीछे कई वजहें हैं—रबी सीजन में 39.3 मिलियन हेक्टेयर से अधिक बोवाई, मिट्टी में बेहतर नमी, बीज उपलब्धता और MSP संकेत। गेहूं, दलहन और तेलबीज की खेती में बढ़त किसानों के लिए अच्छा संकेत है। मौसम विभाग की ठंडी सर्दी की भविष्यवाणी भी लॉजिस्टिक्स और ट्रांसपोर्ट सेगमेंट की मांग बढ़ा सकती है।
ग्रामीण क्षेत्रों में FMCG, ट्रैक्टर और दोपहिया बिक्री में वृद्धि दिख रही है। साथ ही GST 2.0, OEM–डीलर स्कीम और वर्षांत ऑफर्स ने भी मांग को बढ़ावा दिया है। डीलर्स का कहना है कि दिसंबर में भी बिक्री बनी रह सकती है क्योंकि पूछताछ पाइपलाइन मजबूत है, स्टॉक उपलब्ध है और विवाह सीजन चल रहा है।
मार्केट में अभी उत्साह और सावधानी दोनों मौजूद हैं, जिसे उद्योग में cautious optimism कहा जा रहा है। कंपनियों की नई योजनाएँ, वित्तीय ऑफर और प्राइस अपडेट का प्रभाव भी मांग पर पड़ सकता है।
कुल मिलाकर, नवंबर 2025 को ट्रैक्टर उद्योग के लिए एक रिकवरी मोमेंट कहा जा सकता है। आने वाले महीनों में भी रबी सीजन और MSP सपोर्ट की वजह से बाजार में स्थिरता और वृद्धि की उम्मीद है।









