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Gehun Mandi Bhav 17 March 2026: मंगलवार को पंजाब हरियाणा में MSP से 70 रुपये अधिक मिला, मध्य प्रदेश में 160 रुपये कम, सरकारी खरीद में भारी अंतर से किसानों में रोष, जानें देश की 25 मंडियों के ताजा रेट

Gehun Mandi Bhav 17 March 2026
Gehun Mandi Bhav 17 March 2026

Gehun Mandi Bhav 17 March 2026: मंगलवार को देश भर की मंडियों में गेहूं के भाव स्थिर रहे लेकिन राज्यवार असमानता बढ़ती जा रही है। पंजाब के पटियाला में सबसे अच्छा औसत 2347 रुपये प्रति क्विंटल रहा जो MSP से 72 रुपये अधिक है। वहीं मध्य प्रदेश के नीमच में केवल 2112 रुपये मिला जो MSP से 163 रुपये कम है। पुरानी गेहूं के स्टॉक तेजी से खत्म हो रहे हैं और अप्रैल में नई फसल आने की तैयारी शुरू हो गई है।

सप्ताह के दूसरे कार्य दिवस पर मंडियों में व्यापार सामान्य रहा। सोमवार के भाव में कोई खास बदलाव नहीं आया। लेकिन सरकारी खरीद की व्यवस्था में राज्यवार भारी अंतर के कारण किसानों में असंतोष बढ़ रहा है। पंजाब हरियाणा के किसान संतुष्ट हैं जबकि मध्य प्रदेश बिहार के किसान परेशान हैं।

Gehun Mandi Bhav 17 March 2026: मंगलवार को मंडियों में स्थिरता का रुझान

मंगलवार को अधिकांश मंडियों में भाव पिछले दिन के स्तर पर रहे। केवल मामूली उतार चढ़ाव देखने को मिला। पंजाब में लुधियाना में 1540 टन, पटियाला में 1390 टन, अमृतसर में 1340 टन आवक हुई। हरियाणा के करनाल में 1140 टन, पानीपत में 1010 टन आवक रही।

दिल्ली की नरेला मंडी में 1220 टन आवक हुई जो सोमवार से थोड़ी कम है। मध्य प्रदेश और बिहार में आवक बहुत कम रही क्योंकि वहां सरकारी खरीद केंद्र कम हैं और किसान प्राइवेट व्यापारियों से बचना चाहते हैं।

पंजाब के व्यापारी हरजीत सिंह कहते हैं कि मंगलवार को मंडी में अच्छी गतिविधि रही। किसान और व्यापारी दोनों सक्रिय थे। दाम स्थिर रहे क्योंकि मांग और आपूर्ति संतुलित थी। अगले हफ्ते भी यही स्थिति रहने की उम्मीद है।

Gehun Mandi Bhav 17 March 2026: देश की 25 बड़ी मंडियों में आज के विस्तृत भाव

पंजाब में पटियाला में सबसे अच्छा औसत 2347 रुपये प्रति क्विंटल रहा। भटिंडा में 2342, लुधियाना में 2337, जालंधर में 2327 और अमृतसर में 2322 रहा। पंजाब की सभी मंडियों में MSP से 47 से 72 रुपये अधिक मिल रहा है।

हरियाणा में करनाल में 2312, सोनीपत में 2310, रोहतक में 2305, पानीपत में 2302 और हिसार में 2292 औसत भाव रहा। हरियाणा में भी MSP से 17 से 37 रुपये अधिक मिल रहा है।

दिल्ली की नरेला मंडी में 2287 और नजफगढ़ में 2277 औसत भाव रहा। दिल्ली में MSP से 2 से 12 रुपये अधिक मिल रहा है जो बहुत कम अंतर है।

उत्तर प्रदेश में मेरठ में 2252, लखनऊ में 2237, कानपुर में 2227, वाराणसी में 2217 और आगरा में 2207 औसत रहा। UP में MSP से 23 से 68 रुपये कम मिल रहा है।

मध्य प्रदेश में इंदौर में 2142, भोपाल में 2162, उज्जैन में 2127 और नीमच में केवल 2112 औसत भाव रहा। MP में MSP से 113 से 163 रुपये कम मिल रहा है जो सबसे बुरी स्थिति है।

राजस्थान के श्रीगंगानगर में 2262, जयपुर में 2152 रहा। बिहार के पटना में 2182 और झारखंड के रांची में 2127 औसत भाव रहा। इन राज्यों में भी MSP से काफी कम मिल रहा है।

Gehun Mandi Bhav 17 March 2026: 17 मार्च 2026 को देश के 25 शहरों में गेहूं मंडी भाव की संपूर्ण तालिका

क्रमांकराज्यशहर/मंडीन्यूनतम भाव (₹/क्विंटल)अधिकतम भाव (₹/क्विंटल)औसत भाव (₹/क्विंटल)आवक (टन)MSP से अंतर
1पंजाबलुधियाना2212246223371540+62 अधिक
2पंजाबअमृतसर2202244223221340+47 अधिक
3पंजाबपटियाला2222247223471390+72 अधिक
4पंजाबजालंधर2207245223271260+52 अधिक
5पंजाबभटिंडा2217246723421200+67 अधिक
6हरियाणाकरनाल2192243223121140+37 अधिक
7हरियाणापानीपत2182242223021010+27 अधिक
8हरियाणाहिसार217224122292880+17 अधिक
9हरियाणारोहतक218224272305840+30 अधिक
10हरियाणासोनीपत218724322310800+35 अधिक
11दिल्लीनरेला मंडी2162241222871220+12 अधिक
12दिल्लीनजफगढ़ मंडी2152240222771020+2 अधिक
13उत्तर प्रदेशमेरठ21322372225270023 कम
14उत्तर प्रदेशआगरा20922322220778068 कम
15उत्तर प्रदेशलखनऊ21222352223794038 कम
16उत्तर प्रदेशकानपुर21122342222786048 कम
17उत्तर प्रदेशवाराणसी21022332221772058 कम
18मध्य प्रदेशइंदौर204222422142860133 कम
19मध्य प्रदेशनीमच201222122112640163 कम
20मध्य प्रदेशभोपाल206222622162560113 कम
21मध्य प्रदेशउज्जैन203222222127500148 कम
22राजस्थानश्रीगंगानगर21422382226272013 कम
23राजस्थानजयपुर204222622152640123 कम
24बिहारपटना20622302218248093 कम
25झारखंडरांची201222422127260148 कम

Gehun Mandi Bhav 17 March 2026: सरकारी खरीद में राज्यवार भारी असमानता

पंजाब में सरकारी खरीद की व्यवस्था सबसे मजबूत है। 2900 से अधिक खरीद केंद्र चालू हैं। FCI और पंजाब स्टेट एजेंसी दोनों MSP पर खरीद कर रहे हैं। प्रत्येक ब्लॉक में कई केंद्र हैं जहां किसान आसानी से पहुंच सकते हैं।

हरियाणा में 1800 से अधिक केंद्र चालू हैं। यहां भी व्यवस्था अच्छी है। किसानों को MSP की गारंटी मिल रही है। भुगतान भी समय पर हो रहा है। 7 से 10 दिन में पैसा बैंक खाते में आ जाता है।

पंजाब के किसान बलविंदर सिंह कहते हैं कि हमें कोई समस्या नहीं है। गांव से 5 किलोमीटर के अंदर खरीद केंद्र है। सुबह गेहूं लेकर जाओ, दोपहर तक काम हो जाता है। MSP मिलती है और रसीद भी मिलती है।

वहीं मध्य प्रदेश में स्थिति बिल्कुल विपरीत है। 3500 केंद्र खोलने का लक्ष्य था लेकिन केवल 2000 से 2500 ही चालू हुए हैं। इन केंद्रों पर भी लंबी लाइन लगती है। एक दिन में काम नहीं होता।

नीमच के किसान रामलाल पाटीदार बताते हैं कि हमारे जिले में केवल 4 से 5 केंद्र हैं। वहां इतनी भीड़ होती है कि 2 से 3 दिन लग जाते हैं। कई किसान निराश होकर प्राइवेट व्यापारियों को कम दाम पर बेच देते हैं।

Gehun Mandi Bhav 17 March 2026: राज्यवार सरकारी खरीद व्यवस्था की वास्तविक स्थिति (17 मार्च 2026)

राज्यलक्षित केंद्रचालू केंद्रप्रतिदिन खरीदMSP से औसत अंतरकिसानों की प्रतिक्रिया
पंजाब30002900+15000 टन+47 से +72 अधिकबहुत संतुष्ट
हरियाणा20001800+8000 टन+17 से +37 अधिकसंतुष्ट
दिल्ली150120+2500 टन+2 से +12 अधिकमध्यम संतुष्ट
उत्तर प्रदेश80005500+10000 टन23 से 68 कमअसंतुष्ट
मध्य प्रदेश35002000+3500 टन113 से 163 कमबहुत असंतुष्ट
राजस्थान1500800+2000 टन13 से 123 कमअसंतुष्ट
बिहार1000300+800 टन93 कमबहुत असंतुष्ट
झारखंड500150+400 टन148 कमबहुत असंतुष्ट

Gehun Mandi Bhav 17 March 2026: किसान संगठनों का विरोध तेज

किसान संगठन सरकारी खरीद में असमानता के खिलाफ आवाज उठा रहे हैं। भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत कहते हैं कि MSP सभी राज्यों में एक है तो खरीद की व्यवस्था भी सभी जगह समान होनी चाहिए। पंजाब में 2900 केंद्र हैं तो मध्य प्रदेश में केवल 2000 क्यों।

किसान महापंचायत के नेता गुरनाम सिंह चढूनी कहते हैं कि मध्य प्रदेश के किसान MSP से 160 रुपये कम पर बेच रहे हैं। यह बहुत बड़ा अन्याय है। सरकार को तुरंत ज्यादा केंद्र खोलने चाहिए और खरीद तेज करनी चाहिए।

मध्य प्रदेश किसान संगठन के नेता केदार सिरोही ने कहा कि अगर एक हफ्ते में स्थिति नहीं सुधरी तो वे आंदोलन करेंगे। राज्य सरकार से मांग की है कि कम से कम 3000 केंद्र तुरंत चालू किए जाएं।

Gehun Mandi Bhav 17 March 2026: पुरानी गेहूं बेचने का आखिरी समय

जिन किसानों के पास अभी भी पुरानी गेहूं (2024 25 सीजन) का स्टॉक है उनके लिए यह बेचने का आखिरी हफ्ता है। अप्रैल के पहले सप्ताह से नई फसल की कटाई शुरू हो जाएगी। उसके बाद पुरानी गेहूं की कोई मांग नहीं रहेगी।

सरकारी केंद्र पर केवल नई फसल की खरीद होगी। पुरानी गेहूं को प्राइवेट मंडी में बेचना होगा जहां बहुत कम दाम मिलेगा। व्यापारी पुरानी गेहूं के लिए MSP से 250 से 350 रुपये कम देंगे।

पंजाब के व्यापारी गुरमीत सिंह बताते हैं कि 1 अप्रैल के बाद हम पुरानी गेहूं नहीं खरीदेंगे। अगर कोई किसान लाएगा भी तो बहुत कम दाम देंगे क्योंकि उसकी गुणवत्ता नई फसल से कम होगी। किसानों को 20 से 25 मार्च तक जरूर बेच देना चाहिए।

Gehun Mandi Bhav 17 March 2026: अप्रैल में नई फसल के लिए तैयारी

अप्रैल के पहले सप्ताह से नई फसल (2025 26 सीजन) की कटाई शुरू होने वाली है। पंजाब, हरियाणा और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में अगेती किस्मों की कटाई 1 से 5 अप्रैल के बीच शुरू हो सकती है। मुख्य कटाई 10 से 15 अप्रैल से शुरू होगी।

नई फसल के लिए MSP 2425 रुपये प्रति क्विंटल तय की गई है जो पुरानी MSP से 150 रुपये अधिक है। सरकार ने घोषणा की है कि पंजाब से 180 लाख टन, हरियाणा से 90 लाख टन और उत्तर प्रदेश से 120 लाख टन गेहूं खरीदी जाएगी।

कृषि विशेषज्ञ डॉ सुरेश कुमार कहते हैं कि सरकार को अभी से तैयारी पूरी कर लेनी चाहिए। गोदाम तैयार करने होंगे, स्टाफ तैनात करना होगा, खरीद केंद्रों की संख्या बढ़ानी होगी। अगर तैयारी नहीं हुई तो फिर वही परेशानी होगी।

Gehun Mandi Bhav 17 March 2026: गेहूं की किस्मों के अनुसार बाजार भाव

Gehun Mandi Bhav 17 March 2026: प्रमुख किस्मों का बाजार मूल्य विवरण (17 मार्च 2026)

किस्म का नामऔसत भाव (₹/क्विंटल)मुख्य विशेषताप्रमुख उत्पादक क्षेत्रबाजार में मांग
HD 29672282 से 2322उच्च पैदावार, रोग रोधीपंजाब, हरियाणा, UPबहुत अच्छी
PBW 7252272 से 2312जल्दी पकने वालीपंजाब, हरियाणाअच्छी
DBW 1872262 से 2302गर्मी सहनशीलहरियाणा, UP, MPअच्छी
PBW 3432242 से 2282लोकप्रिय पुरानी किस्मपंजाब, हरियाणामध्यम
WH 11052232 से 2272मध्यम उत्पादनUP, MPमध्यम
Lok 12212 से 2252कम पानी की जरूरतMP, राजस्थानमध्यम

HD 2967 सबसे लोकप्रिय किस्म है। इसका उत्पादन अच्छा होता है और बीमारियों से लड़ने की क्षमता भी है। PBW 725 जल्दी पकती है इसलिए अगेती बुवाई के लिए अच्छी है। DBW 187 गर्मी सहन कर लेती है इसलिए देरी से बुवाई के लिए उपयुक्त है।

Gehun Mandi Bhav 17 March 2026: खुदरा बाजार में उपभोक्ताओं को दाम

गेहूं के थोक भाव और खुदरा भाव में काफी अंतर होता है। दिल्ली के खुदरा बाजारों में गेहूं 32 से 46 रुपये प्रति किलो में मिल रही है। आटा (चक्की पिसा) 35 से 50 रुपये प्रति किलो में उपलब्ध है। ब्रांडेड आटा 42 से 65 रुपये प्रति किलो में मिल रहा है।

मुंबई में गेहूं 34 से 48 रुपये प्रति किलो, बेंगलुरु में 36 से 50 रुपये प्रति किलो, कोलकाता में 38 से 52 रुपये प्रति किलो मिल रही है। दक्षिण और पूर्वी भारत में दाम अधिक हैं क्योंकि वहां गेहूं का उत्पादन कम होता है।

उपभोक्ता रमेश कुमार कहते हैं कि गेहूं के दाम पिछले साल के बराबर हैं। कोई खास फर्क नहीं दिख रहा। आटा के दाम में भी स्थिरता है। अप्रैल में नई फसल आने के बाद थोड़ा कम हो सकता है।

Gehun Mandi Bhav 17 March 2026: अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

प्रश्न: आज 17 मार्च मंगलवार को गेहूं का सबसे अच्छा भाव (Gehun Mandi Bhav 17 March 2026) कहां है?

उत्तर: आज सबसे अच्छा भाव (Gehun Mandi Bhav 17 March 2026) पंजाब के पटियाला में है जहां औसत 2347 रुपये प्रति क्विंटल है। यह MSP से 72 रुपये अधिक है। भटिंडा में 2342, लुधियाना में 2337 मिल रहा है। पंजाब की सभी मंडियों में MSP से अधिक मिल रहा है क्योंकि सरकारी खरीद बहुत मजबूत है और 2900 से अधिक केंद्र चालू हैं।

प्रश्न: किन राज्यों में गेहूं का भाव MSP (Gehun Mandi Bhav 17 March 2026) से बहुत कम है?

उत्तर: मध्य प्रदेश में सबसे बुरी स्थिति है। नीमच में केवल 2112 रुपये यानी MSP से 163 रुपये कम मिल रहा है। इंदौर में 2142, उज्जैन में 2127 मिल रहा है। झारखंड के रांची में 2127, बिहार के पटना में 2182 मिल रहा है। इन राज्यों में सरकारी खरीद केंद्र बहुत कम हैं इसलिए किसानों को प्राइवेट व्यापारियों को कम दाम पर बेचना पड़ता है।

प्रश्न: पुरानी गेहूं कब तक बेच देनी चाहिए?

उत्तर: जिनके पास पुरानी गेहूं (2024 25 सीजन) है उन्हें 20 से 25 मार्च तक जरूर बेच देना चाहिए। अप्रैल के पहले सप्ताह से नई फसल की कटाई शुरू हो जाएगी। उसके बाद पुरानी गेहूं की कोई मांग नहीं रहेगी। सरकारी केंद्र पर नहीं खरीदेंगे। प्राइवेट मंडी में MSP से 250 से 350 रुपये कम मिलेगा।

प्रश्न: सरकारी खरीद में इतना अंतर क्यों है?

उत्तर: पंजाब और हरियाणा में खरीद केंद्रों की संख्या बहुत अधिक है और व्यवस्था मजबूत है। पंजाब में 2900, हरियाणा में 1800 केंद्र हैं। वहीं मध्य प्रदेश में केवल 2000, बिहार में 300, झारखंड में 150 केंद्र हैं। कम केंद्र होने से किसानों को परेशानी होती है और वे प्राइवेट व्यापारियों को कम दाम पर बेच देते हैं।

प्रश्न: अप्रैल में नई फसल पर क्या दाम मिलेंगे?

उत्तर: अप्रैल में नई फसल के लिए MSP 2425 रुपये प्रति क्विंटल तय की गई है। पंजाब हरियाणा में किसानों को MSP या उससे अधिक मिलने की संभावना है। लेकिन मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, बिहार में यदि सरकारी खरीद केंद्र कम रहे तो फिर MSP से कम मिल सकता है। सब कुछ खरीद व्यवस्था की तैयारी पर निर्भर करेगा।

Gehun Mandi Bhav 17 March 2026: निष्कर्ष

17 मार्च 2026 को गेहूं बाजार में राज्यवार असमानता चिंताजनक स्तर पर पहुंच गई है। पंजाब हरियाणा के किसान MSP (Gehun Mandi Bhav 17 March 2026) से अधिक पा रहे हैं जबकि मध्य प्रदेश बिहार झारखंड के किसान MSP से 100 से 160 रुपये कम पर बेचने को मजबूर हैं।

यह अंतर सरकारी खरीद केंद्रों की संख्या में भारी अंतर के कारण है। पंजाब में 2900 केंद्र हैं तो मध्य प्रदेश में केवल 2000। किसान संगठन इसके खिलाफ विरोध कर रहे हैं और सभी राज्यों में समान व्यवस्था की मांग कर रहे हैं।

पुरानी गेहूं बेचने का यह आखिरी हफ्ता है। 25 मार्च तक जरूर बेच देना चाहिए। अप्रैल में नई फसल आने वाली है। सरकार को अभी से तैयारी पूरी कर लेनी चाहिए ताकि फिर वही समस्या न हो। सभी राज्यों में पर्याप्त खरीद केंद्र खोले जाएं और किसानों को MSP मिले।

नोट: मंडी भाव (Gehun Mandi Bhav 17 March 2026) में रोज बदलाव होता रहता है। कृपया अपनी स्थानीय मंडी से ताजा जानकारी अवश्य लें। यह रिपोर्ट सामान्य मार्गदर्शन के लिए है।

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