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Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026: मंगलवार को मंदसौर में नई फसल से दाम गिरे, 11450 रुपये प्रति क्विंटल पर पहुंचा भाव, अप्रैल में मुख्य फसल आने पर और गिरावट संभव, जानें देश की 25 मंडियों के ताजा रेट

Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026
Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026

Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026: मंगलवार को मध्य प्रदेश के मंदसौर में लहसुन का भाव 11450 रुपये प्रति क्विंटल पर आ गया जो सोमवार से 150 रुपये कम है। नई फसल की अगेती किस्मों की आवक बढ़ने से बाजार में दबाव बना हुआ है। राजस्थान और गुजरात में भी नई फसल आने से दाम में गिरावट देखी गई। वहीं झारखंड और पूर्वी राज्यों में आपूर्ति सीमित होने से दाम 15900 रुपये के स्तर पर बने रहे। निर्यात मांग अच्छी है लेकिन घरेलू बाजार में गिरावट का रुझान जारी है।

सप्ताह के दूसरे कार्य दिवस पर लहसुन बाजार में गिरावट का रुझान जारी रहा। मध्य प्रदेश और राजस्थान में नई फसल की आवक बढ़ रही है जिससे दाम पर दबाव बन रहा है। पुरानी लहसुन के स्टॉक भी बाजार में आ रहे हैं क्योंकि व्यापारी नई फसल के लिए जगह बनाना चाहते हैं।

Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026: मंगलवार को नई फसल की बढ़ती आवक

मंदसौर जो भारत की लहसुन राजधानी कहलाता है में आज नई फसल की आवक बढ़कर 200 से 250 टन हो गई। सोमवार को 100 से 150 टन थी। आवक बढ़ने से व्यापारियों ने खरीद दाम कम कर दिए। औसत 11450 रुपये प्रति क्विंटल रहा जो सोमवार से 150 रुपये कम है।

मंदसौर के व्यापारी सुरेश पाटीदार बताते हैं कि मंगलवार को नई लहसुन की आवक अच्छी रही। किसान अगेती फसल को जल्दी बेच रहे हैं क्योंकि उन्हें पता है कि अप्रैल में मुख्य फसल आने पर दाम और गिरेंगे। नई लहसुन अभी पूरी सूखी नहीं है इसलिए भाव थोड़ा कम मिल रहा है।

मध्य प्रदेश के अन्य शहरों में भी भाव गिरे हैं। नीमच में 11050, इंदौर में 11850, उज्जैन में 11300 औसत भाव रहा। सभी जगह सोमवार से 100 से 150 रुपये की गिरावट दर्ज की गई।

मंदसौर के किसान रमेश सोलंकी कहते हैं कि हमने अगेती किस्म बोई थी जो तैयार हो गई है। अभी 11450 रुपये मिल रहा है लेकिन अप्रैल में जब मुख्य फसल आएगी तो 9500 से 10500 तक जा सकता है। इसलिए जितनी जल्दी बेचें उतना अच्छा है।

Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026: देश की 25 बड़ी मंडियों में आज के विस्तृत भाव

राजस्थान में कोटा में 12100, जयपुर में 12400, अलवर में 12250, भरतपुर में 12500 औसत भाव रहा। राजस्थान में भी नई फसल की शुरुआत हो गई है। अगले हफ्ते से आवक और बढ़ सकती है। सभी जगह सोमवार से 100 से 150 रुपये की गिरावट आई।

गुजरात में अहमदाबाद में 11600, राजकोट में 11350, सूरत में 11800, वडोदरा में 11700 औसत भाव रहा। गुजरात से लहसुन का निर्यात अच्छा हो रहा है। मलेशिया, सिंगापुर और UAE को निर्यात जारी है। निर्यात की मांग से दाम को थोड़ा सहारा मिल रहा है।

महाराष्ट्र में नासिक में 12850, पुणे में 13200, मुंबई में 14150 औसत भाव रहा। महाराष्ट्र में लहसुन की खेती कम होती है इसलिए दाम अधिक रहते हैं। यहां मध्य प्रदेश और गुजरात से आपूर्ति आती है।

उत्तर प्रदेश में आगरा में 13700, लखनऊ में 14050, कानपुर में 13800 औसत भाव रहा। दिल्ली की आजादपुर मंडी में 14700 रहा। दिल्ली में तीन किस्में उपलब्ध हैं: देसी लहसुन 14700, जम्बो लहसुन 17350, चाइनीज लहसुन 10050 रुपये प्रति क्विंटल।

हरियाणा के करनाल में 14050, पानीपत में 13900 रहा। बिहार के पटना में 15350, झारखंड के रांची में 15950, पश्चिम बंगाल के कोलकाता में 15700 औसत भाव रहा। पूर्वी राज्यों में दाम सबसे ज्यादा हैं क्योंकि यहां लहसुन की खेती नहीं होती और लंबी दूरी से आपूर्ति आती है।

Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026: 17 मार्च 2026 को देश के 25 शहरों में लहसुन मंडी भाव की संपूर्ण तालिका

क्रमांकराज्यशहर/मंडीन्यूनतम भाव (₹/क्विंटल)अधिकतम भाव (₹/क्विंटल)औसत भाव (₹/क्विंटल)आवक (टन)सोमवार से बदलाव
1मध्य प्रदेशमंदसौर81501465011450950150 रुपये कम
2मध्य प्रदेशनीमच78501415011050660150 रुपये कम
3मध्य प्रदेशइंदौर84501525011850580150 रुपये कम
4मध्य प्रदेशउज्जैन80501455011300520150 रुपये कम
5राजस्थानकोटा86501555012100760150 रुपये कम
6राजस्थानजयपुर88501595012400680150 रुपये कम
7राजस्थानअलवर87501575012250620150 रुपये कम
8राजस्थानभरतपुर89501605012500560150 रुपये कम
9गुजरातअहमदाबाद82501495011600720150 रुपये कम
10गुजरातराजकोट80501465011350630150 रुपये कम
11गुजरातसूरत84501515011800550150 रुपये कम
12गुजरातवडोदरा83501505011700500150 रुपये कम
13महाराष्ट्रनासिक91501655012850660150 रुपये कम
14महाराष्ट्रपुणे94501695013200580150 रुपये कम
15महाराष्ट्रमुंबई101501815014150520150 रुपये कम
16उत्तर प्रदेशआगरा98501755013700560150 रुपये कम
17उत्तर प्रदेशलखनऊ101501795014050500150 रुपये कम
18उत्तर प्रदेशकानपुर99501765013800460150 रुपये कम
19दिल्लीआजादपुर मंडी106501875014700760150 रुपये कम
20हरियाणाकरनाल101501795014050620150 रुपये कम
21हरियाणापानीपत100501775013900560150 रुपये कम
22बिहारपटना111501955015350460150 रुपये कम
23झारखंडरांची116502025015950360150 रुपये कम
24पश्चिम बंगालकोलकाता114501995015700420150 रुपये कम
25असमगुवाहाटी118502065016250220150 रुपये कम

Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026: किसानों को अभी बेचना है या रुकना है?

मध्य प्रदेश और राजस्थान के किसानों के सामने बड़ा सवाल है कि अगेती फसल को अभी बेच दें या अप्रैल का इंतजार करें। कृषि विशेषज्ञों की सलाह है कि अगेती फसल को मार्च में ही बेच देना बेहतर है।

मंदसौर के किसान संजय पाटीदार बताते हैं कि लहसुन की खेती में प्रति एकड़ लगभग 60000 से 80000 रुपये की लागत आती है। बीज 15000 रुपये, खाद 15000 रुपये, सिंचाई 10000 रुपये, मजदूरी 20000 रुपये और अन्य खर्च मिलाकर कुल लागत बैठती है।

प्रति एकड़ औसतन 60 से 70 क्विंटल लहसुन निकलती है। इस हिसाब से उत्पादन लागत 9000 से 10000 रुपये प्रति क्विंटल बैठती है। अभी 11450 रुपये मिल रहा है तो प्रति क्विंटल 1450 से 2450 रुपये का लाभ हो रहा है। यह ठीक ठाक मुनाफा है।

लेकिन अप्रैल मध्य में जब मुख्य फसल की भारी आवक होगी तो दाम 9500 से 10500 तक गिर सकता है। उस समय किसानों को बहुत कम लाभ या कोई लाभ नहीं होगा। इसलिए अगेती फसल को अभी बेचना समझदारी है।

Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026: अप्रैल में मुख्य फसल आने पर क्या होगा

कृषि बाजार विशेषज्ञों के अनुसार अप्रैल के पहले सप्ताह से मुख्य फसल की कटाई शुरू होगी। अप्रैल के दूसरे और तीसरे सप्ताह में मंडियों में भारी आवक होगी। मंदसौर में प्रतिदिन 2000 से 3000 टन तक आवक हो सकती है।

इतनी भारी आवक से दाम में तेज गिरावट आने की संभावना है। मंदसौर में 9500 से 10500 रुपये प्रति क्विंटल तक जा सकता है। यह साल का सबसे सस्ता समय होगा। उपभोक्ताओं के लिए खरीदारी का अच्छा मौका होगा।

पुणे स्थित कृषि विश्लेषक डॉ राजेंद्र देशमुख कहते हैं कि लहसुन की कीमतों में हर साल यही पैटर्न देखने को मिलता है। मार्च में अगेती फसल से दाम थोड़े गिरते हैं। अप्रैल में मुख्य फसल से बहुत गिर जाते हैं। मई से फिर बढ़ने लगते हैं और जून जुलाई में अच्छे हो जाते हैं।

किसानों को सलाह दी जाती है कि मुख्य फसल के लिए दो रणनीति अपना सकते हैं। या तो अप्रैल में जब आवक ज्यादा हो तब कम दाम पर बेच दें और पैसा घर लाएं। या फिर कोल्ड स्टोरेज में रखकर जून जुलाई का इंतजार करें जब दाम बेहतर होंगे।

Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026: कोल्ड स्टोरेज में भंडारण का विकल्प

लहसुन को कोल्ड स्टोरेज में 8 से 10 महीने तक रखा जा सकता है। तापमान 0 से 5 डिग्री सेल्सियस पर रखना होता है। कोल्ड स्टोरेज का किराया 60 से 80 रुपये प्रति क्विंटल प्रति महीना है।

मंदसौर के कोल्ड स्टोरेज संचालक विजय जाधव बताते हैं कि हमारे यहां 6000 टन क्षमता का कोल्ड स्टोरेज है। अभी से बुकिंग शुरू हो गई है। किसान अप्रैल मई में लहसुन रखवाएंगे और सितंबर अक्टूबर में निकालेंगे। उस समय दाम 14000 से 16000 रुपये हो सकते हैं।

तीन महीने के लिए कोल्ड स्टोरेज किराया 180 से 240 रुपये प्रति क्विंटल होगा। यदि अप्रैल में 10000 रुपये पर बेचने की जगह कोल्ड स्टोरेज में रखा और जुलाई में 15000 रुपये पर बेचा तो 5000 रुपये का फायदा होगा। किराया घटाने के बाद भी 4750 रुपये प्रति क्विंटल का शुद्ध लाभ होगा।

लेकिन कोल्ड स्टोरेज में जोखिम भी है। यदि दाम नहीं बढ़े या मंडी में गिर गए तो किराया का नुकसान हो जाएगा। पिछले साल कुछ किसानों को नुकसान हुआ था क्योंकि दाम उम्मीद से कम रहे। फिर भी ज्यादातर किसान कोल्ड स्टोरेज को बेहतर विकल्प मानते हैं।

Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026: लहसुन की विभिन्न किस्मों का बाजार भाव

Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026: लहसुन की किस्मों का विस्तृत मूल्य विवरण (17 मार्च 2026)

किस्म का नामऔसत भाव रेंज (₹/क्विंटल)मुख्य विशेषताप्रमुख उत्पादक क्षेत्रबाजार में मांग
देसी लहसुन (छोटी)10850 से 14700तीखा स्वाद, लंबे समय तक टिकाऊमध्य प्रदेश, राजस्थानबहुत अच्छी
जम्बो लहसुन (बड़ी)14850 से 18350बड़े कली, कम तीखामध्य प्रदेश, राजस्थानअच्छी (निर्यात)
चाइनीज लहसुन7850 से 11850बहुत बड़े कली, कम तीखाआयातितमध्यम
जैविक लहसुन18850 से 25850रासायनिक रहितमध्य प्रदेश, राजस्थानअच्छी (प्रीमियम)
लाल लहसुन41850 से 64850विशेष प्रोसेसिंग, औषधीयप्रोसेसिंग यूनिटबहुत सीमित

देसी लहसुन की मांग सबसे ज्यादा है क्योंकि भारतीय खाने में इसका तीखा स्वाद पसंद किया जाता है। जम्बो लहसुन मुख्यतः निर्यात के लिए होती है। होटल और रेस्टोरेंट में भी जम्बो की मांग अच्छी रहती है।

चाइनीज लहसुन आयात होती है और सस्ती होती है लेकिन स्वाद कम तीखा होने से कम लोकप्रिय है। जैविक लहसुन की मांग प्रीमियम बाजार में बढ़ रही है लेकिन उत्पादन सीमित है। लाल लहसुन विशेष प्रोसेसिंग से बनती है और औषधीय गुणों के लिए जानी जाती है।

Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026: निर्यात बाजार में अच्छी मांग

भारत से लहसुन का निर्यात मुख्य रूप से मलेशिया, सिंगापुर, UAE, श्रीलंका, बांग्लादेश को होता है। पिछले साल की तुलना में इस साल निर्यात में 18 से 22 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।

गुजरात के निर्यातक राजेश पटेल बताते हैं कि विदेशी बाजार में भारतीय लहसुन की मांग बढ़ रही है। खासकर जम्बो वैरायटी की। हम 15500 से 17500 रुपये प्रति क्विंटल पर खरीदते हैं और निर्यात करते हैं। मलेशिया और सिंगापुर में अच्छी मांग है।

कृषि निर्यात विशेषज्ञ डॉ अमित वर्मा कहते हैं कि लहसुन के निर्यात में भारत का महत्वपूर्ण स्थान है। चीन के बाद हम दूसरे नंबर पर हैं। गुणवत्ता बनाए रखने से निर्यात और बढ़ सकता है। सरकार को निर्यातकों को अधिक प्रोत्साहन देना चाहिए।

निर्यात की अच्छी मांग से घरेलू बाजार में भी दाम को सहारा मिलता है। यदि निर्यात न हो तो घरेलू बाजार में दाम और गिर सकते हैं।

Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026: राज्यवार उत्पादन और बाजार स्थिति

Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026: राज्यवार लहसुन उत्पादन और बाजार का विश्लेषण (17 मार्च 2026)

राज्यउत्पादन हिस्सेदारीऔसत भाव रेंज (₹/क्विंटल)प्रमुख मंडियांवर्तमान बाजार स्थिति
मध्य प्रदेश40 प्रतिशत11050 से 11850मंदसौर, नीमच, इंदौरनई फसल से गिरावट
राजस्थान32 प्रतिशत12100 से 12500कोटा, जयपुर, भरतपुरनई फसल शुरू
गुजरात18 प्रतिशत11350 से 11800अहमदाबाद, राजकोटनिर्यात मांग अच्छी
महाराष्ट्र5 प्रतिशत12850 से 14150नासिक, पुणेआपूर्ति पर निर्भर
उत्तर प्रदेश3 प्रतिशत13700 से 14050आगरा, लखनऊस्थिर
अन्य राज्य2 प्रतिशत14050 से 16250दिल्ली, पटना, रांचीऊंचे दाम

मध्य प्रदेश और राजस्थान मिलकर देश के 72 प्रतिशत लहसुन का उत्पादन करते हैं। इसलिए यहां के बाजार का असर पूरे देश पर पड़ता है। जब यहां नई फसल आती है तो सभी राज्यों में दाम गिरते हैं।

Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026: अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

प्रश्न: आज 17 मार्च मंगलवार को लहसुन सबसे सस्ती (Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026) कहां है?

उत्तर: आज सबसे सस्ती लहसुन (Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026) मध्य प्रदेश के नीमच में है जहां औसत 11050 रुपये प्रति क्विंटल है। मंदसौर में 11450, राजकोट में 11350, उज्जैन में 11300 रुपये है। मध्य प्रदेश और गुजरात में सबसे सस्ती है क्योंकि यहां सबसे ज्यादा उत्पादन होता है। खुदरा बाजार में 135 से 175 रुपये प्रति किलो मिल रही है।

प्रश्न: पिछले सप्ताह से दाम में कितनी गिरावट (Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026) आई?

उत्तर: पिछले मंगलवार (10 मार्च) से आज मंगलवार (17 मार्च) तक मंदसौर में 300 रुपये (11750 से 11450), कोटा में 300 रुपये (12400 से 12100), दिल्ली में 300 रुपये (15000 से 14700) की गिरावट आई है। हर दिन 40 से 50 रुपये गिर रहा है। यह नई फसल की आवक बढ़ने के कारण है।

प्रश्न: अगेती फसल को अभी बेचें या अप्रैल का इंतजार करें?

उत्तर: अगेती फसल को मार्च में ही बेच देना बेहतर है। अभी 11450 रुपये मिल रहा है। अप्रैल में मुख्य फसल की भारी आवक होगी तो दाम 9500 से 10500 तक गिर सकता है। यदि तुरंत पैसे की जरूरत है तो अभी बेच दें। यदि 3 से 4 महीने रुक सकते हैं तो कोल्ड स्टोरेज का विकल्प है।

प्रश्न: कोल्ड स्टोरेज में रखना फायदेमंद है या नहीं?

उत्तर: कोल्ड स्टोरेज में रखना फायदेमंद हो सकता है लेकिन जोखिम भी है। किराया 60 से 80 रुपये प्रति माह है। यदि अप्रैल में 10000 रुपये पर बेचने की जगह जुलाई में 15000 रुपये पर बेचा तो 5000 रुपये का फायदा होगा। किराया घटाकर भी 4750 रुपये का शुद्ध लाभ। लेकिन यदि दाम नहीं बढ़े तो किराया का नुकसान होगा। ज्यादातर किसान इसे बेहतर विकल्प मानते हैं।

प्रश्न: लहसुन का निर्यात कैसा चल रहा है?

उत्तर: लहसुन का निर्यात इस साल अच्छा चल रहा है। पिछले साल से 18 से 22 प्रतिशत बढ़ा है। मुख्य बाजार मलेशिया, सिंगापुर, UAE, श्रीलंका, बांग्लादेश हैं। खासकर जम्बो वैरायटी की मांग अच्छी है। गुजरात के मुंद्रा और कांडला बंदरगाह से निर्यात होता है। निर्यात की अच्छी मांग से घरेलू बाजार में भी दाम को सहारा मिल रहा है।

Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026: निष्कर्ष

17 मार्च 2026 को लहसुन बाजार में नई फसल के आने से गिरावट का रुझान (Lahsun Mandi Bhav 17 March 2026) तेज हुआ है। मंदसौर में दाम 11450 रुपये प्रति क्विंटल पर आ गया है। अगेती किस्मों की आवक बढ़ने से व्यापारियों ने खरीद दाम कम कर दिए हैं।

किसानों को सलाह है कि अगेती फसल को मार्च में ही बेच दें। अप्रैल में मुख्य फसल की भारी आवक से दाम 9500 से 10500 तक गिर सकता है। मुख्य फसल के लिए कोल्ड स्टोरेज का विकल्प विचार करें। जुलाई में दाम बेहतर हो सकते हैं।

निर्यात की अच्छी मांग से बाजार को सहारा मिल रहा है। खासकर जम्बो वैरायटी के लिए विदेशी बाजार में अच्छी मांग है। उपभोक्ताओं को अप्रैल मध्य में सबसे सस्ती लहसुन मिलेगी। वह समय थोक खरीदारी का सबसे अच्छा होगा।

नोट: मंडी भाव में रोज बदलाव होता रहता है। कृपया अपनी स्थानीय मंडी से ताजा जानकारी अवश्य लें। यह रिपोर्ट सामान्य मार्गदर्शन के लिए है।

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